सूरि राज 45 आगम एकासन तप पारणोत्सव के अवसर पर रविवार को खाचरौद नगरी धर्म, तप, त्याग और संस्कारों के मंगल संदेश से गुंजायमान रही।
गुरूराज जन्म द्विशताब्दी “सुयं मे” वर्षावासोत्सव-3 चातुर्मास के अंतर्गत आयोजित इस भव्य धार्मिक समारोह में बड़ी संख्या में समाजजन शामिल हुए।
समुदायवर्ती साध्वी श्री शाश्वतप्रिया श्रीजी म.सा.