ब्रेकिंग
बहराइच- प्रत्येक माह के प्रथम मंगलवार को पेंशनर्स की समस्याओं की सुनवाई करेंगे अधिकारी ◆ बहराइच-सीडीओ के प्रयास से 24 घण्टे के अन्दर बहाल हुई ग्राम पवही की विद्युत आपूर्ति ◆ बहराइच: फखरपुर पुलिस ने 3.180 किलो गांजे के साथ दो अभियुक्तों को किया गिरफ्तार · ◆ रायबरेली के मोतीलाल नेहरू स्टेडियम स्व. राजकुमार भार्गव मेमोरियल जिला बैडमिंटन चैंपियनशिप का हुआ समापन ◆बहराइच- प्रत्येक माह के प्रथम मंगलवार को पेंशनर्स की समस्याओं की सुनवाई करेंगे अधिकारी ◆ बहराइच-सीडीओ के प्रयास से 24 घण्टे के अन्दर बहाल हुई ग्राम पवही की विद्युत आपूर्ति ◆ बहराइच: फखरपुर पुलिस ने 3.180 किलो गांजे के साथ दो अभियुक्तों को किया गिरफ्तार · ◆ रायबरेली के मोतीलाल नेहरू स्टेडियम स्व. राजकुमार भार्गव मेमोरियल जिला बैडमिंटन चैंपियनशिप का हुआ समापन ◆
31 अक्टूबर 2026 · नई दिल्लीई-पेपरलॉगिन
ख़बरें, विषय, लेखक, वीडियो खोजें…खोजें
ब्रेकिंग न्यूज़अध्यात्मराजनीतिव्यापारटेक्नोलॉजीखेलप्राकृतिकसेहतशिक्षादुर्घटनाअपराधप्रशासन
लाइव टीवीलाइव टीवीब्रेकिंग न्यूज़ब्रेकिंग न्यूज़अध्यात्मअध्यात्मराजनीतिराजनीतिव्यापारव्यापारटेक्नोलॉजीटेक्नोलॉजीखेलखेलप्राकृतिकप्राकृतिकसेहतसेहतशिक्षाशिक्षादुर्घटनादुर्घटनाअपराधअपराधप्रशासनप्रशासन
सेहत4 मिनट पढ़ें

भोपाल । जन-जागरूकता से बढ़ेगा ई-संजीवनी पर विश्वास ई-संजीवनी के क्रियान्वयन की विस्तृत समीक्षा कर दिये निर्देश

भोपाल । जन-जागरूकता से बढ़ेगा ई-संजीवनी पर विश्वास ई-संजीवनी के क्रियान्वयन की विस्तृत समीक्षा कर दिये निर्देश
भोपाल । जन-जागरूकता से बढ़ेगा ई-संजीवनी पर विश्वास ई-संजीवनी के क्रियान्वयन की विस्तृत समीक्षा कर दिये निर्देश — सेहत | City News 24

उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने भोपाल स्थित निवास कार्यालय में ई-संजीवनी टेलीमेडिसिन सेवा के क्रियान्वयन की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने प्रदेश में टेलीमेडिसिन सेवाओं को अधिक प्रभावी, सुलभ एवं गुणवत्तापूर्ण बनाने के लिए आवश्यक व्यवस्थाओं को सुदृढ़ करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ई-संजीवनी ग्रामीण एवं दूरस्थ क्षेत्रों में रहने वाले नागरिकों को विशेषज्ञ चिकित्सकों की परामर्श सेवाएं उपलब्ध कराने का महत्वपूर्ण माध्यम है। इसके प्रभावी क्रियान्वयन से स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच बढ़ाने और मरीजों को समय पर उचित परामर्श उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी। ई-संजीवनी के माध्यम से नागरिकों को सहज, सुलभ और गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा परामर्श उपलब्ध कराना सुनिश्चित किया जाए। इसके लिए स्वास्थ्य संस्थाओं में आवश्यक अधोसंरचना, इंटरनेट कनेक्टिविटी, विद्युत आपूर्ति एवं उपकरणों की उपलब्धता के साथ स्वास्थ्यकर्मियों का समुचित प्रशिक्षण सुनिश्चित करना आवश्यक है। उन्होंने इन कमियों को प्राथमिकता के आधार पर दूर करने तथा सेवाओं के संचालन में आने वाली बाधाओं का समयबद्ध निराकरण करने के निर्देश दिए। समीक्षा में अप्रैल से सितंबर 2026 की अवधि में ई-संजीवनी के माध्यम से दर्ज 59,914 सामान्य परामर्श कॉल तथा 10,890 विशेषज्ञ परामर्श कॉल की जानकारी प्रस्तुत की गई। उप मुख्यमंत्री ने टेलीमेडिसिन सेवाओं के उपयोग में वृद्धि के लिए स्वास्थ्य संस्थाओं को सक्रिय करने, चिकित्सकों की नियमित उपलब्धता सुनिश्चित करने और निर्धारित समय-सारणी के अनुसार परामर्श सेवाओं का संचालन करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि टेलीमेडिसिन केंद्रों पर चिकित्सकों की उपलब्धता और परामर्श सेवाओं की नियमितता सुनिश्चित की जाए, ताकि मरीजों को सेवा प्राप्त करने के लिए अनावश्यक प्रतीक्षा न करनी पड़े। इसके साथ ही, सेवाओं के संचालन एवं प्रगति की नियमित निगरानी कर निष्क्रिय केंद्रों को पुनः सक्रिय करने के लिए ठोस कार्ययोजना बनाई जाए। समीक्षा के दौरान अगस्त-सितंबर 2025 में किए गए सुविधा तत्परता आकलन के निष्कर्षों पर भी चर्चा की गई। आंकलन में इंटरनेट कनेक्टिविटी, विद्युत आपूर्ति एवं प्रशिक्षण से संबंधित कमियां प्रमुखता से सामने आईं। कुल 2,723 उप स्वास्थ्य केंद्र ऐसे चिन्हित किए गए, जहां केवल एक मूलभूत सुविधा की कमी है। उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने इन केंद्रों में आवश्यक सुविधाएं शीघ्र उपलब्ध कराने पर विशेष ध्यान देने को कहा, ताकि कम समय में अधिक केंद्रों को ई-संजीवनी सेवाओं के लिए तैयार किया जा सके।उन्होंने निर्देश दिए कि जिन संस्थाओं में इंटरनेट, बिजली, उपकरण अथवा प्रशिक्षित मानव संसाधन की कमी के कारण सेवाएं प्रभावित हो रही हैं, उनकी अलग-अलग पहचान कर निराकरण की समयबद्ध कार्ययोजना तैयार की जाए। संबंधित अधिकारियों द्वारा प्रगति की नियमित समीक्षा की जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि संसाधनों की कमी के कारण मरीजों को विशेषज्ञ परामर्श से वंचित न रहना पड़े ।ई-संजीवनी की सफलता के लिए तकनीकी सुविधाओं के साथ चिकित्सकों एवं स्वास्थ्यकर्मियों का प्रशिक्षित होना भी आवश्यक है। उन्होंने सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों (सीएचओ) तथा मेडिकल ऑफिसर्स को ई-संजीवनी की प्रक्रिया, तकनीकी संचालन और विशेषज्ञ परामर्श के लिए मरीजों को उचित रूप से संदर्भित करने संबंधी नियमित प्रशिक्षण देने के निर्देश दिए। उन्होंने बॉन्डेड चिकित्सकों को भी ई-संजीवनी की उपयोगिता एवं संचालन प्रक्रिया के प्रति संवेदनशील बनाने के निर्देश दिए। चिकित्सकों को इस व्यवस्था के माध्यम से उपलब्ध विशेषज्ञ सेवाओं का अधिकतम उपयोग करने के लिए प्रेरित किया जाए, ताकि आवश्यकता पड़ने पर मरीजों को समय पर विशेषज्ञ चिकित्सकीय परामर्श मिल सके। उन्होंने कहा कि सामान्य स्तर पर उपचार के साथ जहां विशेषज्ञ की सलाह आवश्यक हो, वहां ई-संजीवनी के माध्यम से परामर्श प्राप्त करने की व्यवस्था प्रभावी ढंग से लागू की जाए। ई-संजीवनी सेवाओं के प्रति आम नागरिकों में जागरूकता बढ़ाने की आवश्यकता पर भी बल दिया। उन्होंने कहा कि ग्रामीण एवं दूरस्थ क्षेत्रों में लोगों को यह जानकारी दी जाए कि वे अपने निकटतम स्वास्थ्य केंद्र के माध्यम से विशेषज्ञ चिकित्सकों से परामर्श प्राप्त कर सकते हैं। इसके लिए स्वास्थ्यकर्मियों, सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों और मैदानी अमले को सक्रिय भूमिका निभानी होगी। उन्होंने कहा कि मरीजों को ई-संजीवनी के माध्यम से मिलने वाले परामर्श की उपयोगिता, प्रक्रिया और उपलब्ध सुविधाओं के संबंध में सही जानकारी दी जाए। मरीजों को गुणवत्तापूर्ण परामर्श एवं उचित मार्गदर्शन मिलने से इस सेवा के प्रति विश्वास बढ़ेगा और अधिक नागरिक इसका लाभ उठा सकेंगे। उप मुख्यमंत्री ने सेवाओं की प्रगति की नियमित समीक्षा करने, प्राथमिकता वाले जिलों में कमियों का निराकरण करने तथा निर्धारित लक्ष्यों की प्राप्ति के लिए जिम्मेदारी तय करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ई-संजीवनी का उद्देश्य केवल तकनीक उपलब्ध कराना नहीं, बल्कि उसके माध्यम से नागरिकों को वास्तविक, विश्वसनीय और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से कहा कि ई-संजीवनी को प्रदेश की स्वास्थ्य सेवा व्यवस्था का प्रभावी हिस्सा बनाने के लिए सभी आवश्यक कदम समन्वित रूप से उठाए जाएं, जिससे दूरस्थ क्षेत्रों के मरीजों को भी विशेषज्ञ चिकित्सकीय परामर्श की सुविधा सुलभ हो सके।

Devendra Kumar Jain
Devendra Kumar Jain
Crime Reporter · City News 24
City News 24 के लिए ताज़ा और भरोसेमंद ख़बरें। हक़ की आवाज़।
प्रोफ़ाइल देखें
संबंधित ख़बरें