मौके पर पहुंचे नायब तहसीलदार, पटवारी एवं कानूनगो ने आश्वासन दिया कि जब तक पानी की निकासी की समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो जाता, तब तक वर्तमान में बने नाले से ही पानी की निकासी जारी रहेगी।
अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि यदि किसी भी पक्ष द्वारा पानी की निकासी को बंद करने या बाधित करने का प्रयास किया गया, तो उसके विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
प्रशासन के इस आश्वासन के बाद धरना फिलहाल स्थगित किया गया है।