भदोही मे 108 मीटर व्यास की मानव समूह रंगोली में दिखा जनकल्याण से विकसित भारत-2047 का संकल्प*

108 मीटर व्यास की मानव समूह रंगोली में दिखा जनकल्याण से विकसित भारत-2047 का संकल्प
प्राकृतिक रंगों, फूल, अनाज एवं मिट्टी से सजी भव्य रंगोली बनी आकर्षण का केंद्र
15 विभागों की जनकल्याणकारी योजनाओं, राष्ट्रीय प्रतीकों एवं विकासपरक गतिविधियों को दिया गया रचनात्मक स्वरूप
महिलाओं, स्वयं सहायता समूहों, स्थानीय कलाकारों, युवाओं एवं विद्यार्थियों ने बढ़-चढ़कर किया प्रतिभाग
ड्रोन एवं एरियल कवरेज से दिखी जनपद की सामूहिक रचनात्मकता एवं जनभागीदारी
भदोही, 07 अक्टूबर 2026:–जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रति आभार, राष्ट्र के प्रति संकल्प, जनभागीदारी तथा विकसित भारत-2047 की परिकल्पना को रचनात्मक एवं आकर्षक स्वरूप प्रदान करते हुए जनपद भदोही में विभूति नारायण राजकीय इंटर कॉलेज, ज्ञानपुर में 108 मीटर व्यास की भव्य मानव समूह रंगोली का आयोजन किया गया। विशाल रंगोली में शासन की प्रमुख जनकल्याणकारी योजनाओं, राष्ट्रीय प्रतीकों तथा विकसित भारत के सपने को आकर्षक ढंग से प्रदर्शित किया गया। प्राकृतिक सामग्रियों से तैयार इस रंगोली ने कार्यक्रम में उपस्थित लोगों का विशेष ध्यान आकर्षित किया।
भव्य रंगोली को तैयार करने में फूल, प्राकृतिक रंग, अनाज एवं मिट्टी जैसी प्राकृतिक सामग्रियों का प्रयोग किया गया। कार्यक्रम में महिला स्वयं सहायता समूहों, स्थानीय कलाकारों, युवाओं एवं विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता करते हुए अपनी रचनात्मक प्रतिभा का प्रदर्शन किया। विशाल मानव समूह रंगोली का ड्रोन एवं एरियल कवरेज भी किया गया, जिससे इसकी भव्यता, कलात्मकता और जनभागीदारी का विहंगम दृश्य सामने आया।
रंगोली में जनपद के विभिन्न विभागों की जनकल्याणकारी योजनाओं एवं विकास गतिविधियों को अलग-अलग थीम के रूप में प्रस्तुत किया गया। बेसिक शिक्षा एवं माध्यमिक शिक्षा विभाग की योजनाओं के माध्यम से गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास, विद्यालयी सुविधाओं एवं शिक्षा के क्षेत्र में किए जा रहे प्रयासों को प्रदर्शित किया गया। शिक्षा को विकसित भारत की मजबूत नींव के रूप में रचनात्मक ढंग से प्रस्तुत किया गया।
कृषि विभाग की योजनाओं के माध्यम से किसान कल्याण, आधुनिक कृषि पद्धतियों, कृषि आधारित आजीविका एवं किसानों की समृद्धि का संदेश दिया गया। खेत, फसल और किसान को विकसित भारत की अर्थव्यवस्था की आधारशिला के रूप में रंगोली में स्थान दिया गया।
जिला कार्यक्रम विभाग की योजनाओं के अंतर्गत बाल विकास, पोषण, आंगनबाड़ी सेवाओं, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य तथा बच्चों के समग्र विकास की थीम को प्रदर्शित किया गया। वहीं जिला प्रोबेशन विभाग के माध्यम से महिला एवं बालिका सुरक्षा, संरक्षण, सशक्तिकरण एवं कल्याणकारी योजनाओं को रचनात्मक स्वरूप प्रदान किया गया।
जल जीवन मिशन के अंतर्गत हर घर नल से जल, स्वच्छ एवं शुद्ध पेयजल तथा जल संरक्षण का संदेश रंगोली में प्रमुखता से उकेरा गया। पानी को जीवन और स्वस्थ समाज की आधारभूत आवश्यकता के रूप में दर्शाया गया।
ग्राम्य विकास विभाग एवं राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) की योजनाओं के अंतर्गत ग्रामीण विकास, महिला स्वयं सहायता समूहों, आजीविका संवर्धन एवं आत्मनिर्भरता को प्रदर्शित किया गया। महिलाओं द्वारा संचालित सिलाई, स्वरोजगार एवं अन्य आजीविका गतिविधियों को भी रंगोली में स्थान दिया गया। इसके साथ ही महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण एवं आत्मनिर्भर बनने की यात्रा को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया गया।
उद्यान विभाग की योजनाओं के माध्यम से पौधरोपण, बागवानी, हरित क्षेत्र के विस्तार एवं पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया। प्राकृतिक सामग्री से तैयार रंगोली के माध्यम से प्रकृति संरक्षण और विकास के बीच संतुलन का संदेश भी दिया गया।
पंचायती राज विभाग की योजनाओं के अंतर्गत स्वच्छता, व्यक्तिगत शौचालय, सामुदायिक शौचालय, स्वच्छ गांव तथा स्वच्छ पर्यावरण की अवधारणा को प्रदर्शित किया गया। स्वच्छता एवं शुद्ध पेयजल को स्वस्थ एवं विकसित समाज की महत्वपूर्ण आवश्यकता के रूप में प्रस्तुत किया गया।
स्वास्थ्य विभाग की योजनाओं के माध्यम से टीबी मुक्त भारत, संचारी रोग नियंत्रण, तंबाकू नियंत्रण एवं बेहतर स्वास्थ्य व्यवस्था का संदेश दिया गया। स्वस्थ नागरिकों को विकसित भारत की महत्वपूर्ण पूंजी के रूप में रंगोली में प्रदर्शित किया गया।
पशुपालन विभाग की ओर से गौ-संवर्धन, पशुओं के टीकाकरण एवं पशु स्वास्थ्य से जुड़ी गतिविधियों को दर्शाया गया। “स्वस्थ पशु-समृद्ध किसान-समृद्ध भारत” की अवधारणा के माध्यम से पशुधन और किसान की समृद्धि के बीच संबंध को रचनात्मक रूप से प्रस्तुत किया गया।
समाज कल्याण विभाग की जनकल्याणकारी योजनाओं के माध्यम से सामाजिक सुरक्षा, जरूरतमंद एवं पात्र लाभार्थियों के कल्याण तथा सामाजिक समावेशन का संदेश दिया गया। वहीं सेवायोजन एवं कौशल विकास विभाग की योजनाओं के अंतर्गत युवाओं के कौशल विकास, रोजगार, स्वरोजगार एवं आत्मनिर्भरता को रंगोली का हिस्सा बनाया गया।
इस प्रकार विभिन्न विभागों की योजनाओं को एक ही विशाल रंगोली में समाहित कर शिक्षा, कृषि, पोषण, महिला सशक्तिकरण, स्वच्छता, शुद्ध पेयजल, स्वास्थ्य, पशुपालन, सामाजिक सुरक्षा, कौशल विकास, रोजगार, पर्यावरण संरक्षण एवं ग्रामीण आजीविका जैसे विषयों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया गया।
जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने कहा कि यह आयोजन केवल एक कलात्मक प्रस्तुति नहीं, बल्कि जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रति आभार, राष्ट्र निर्माण के प्रति संकल्प और विकसित भारत-2047 के लक्ष्य के प्रति सामूहिक प्रतिबद्धता का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि विभिन्न विभागों की योजनाओं को जनभागीदारी से रंगोली के माध्यम से प्रस्तुत करने से विकास की अवधारणा को एक जीवंत एवं रचनात्मक स्वरूप मिला है।
कार्यक्रम में महिलाओं, स्वयं सहायता समूहों, कलाकारों, युवाओं एवं विद्यार्थियों की व्यापक भागीदारी ने आयोजन को जनभागीदारी का स्वरूप प्रदान किया। 108 मीटर व्यास की मानव समूह रंगोली ने भदोही की रचनात्मकता, सामूहिकता, पर्यावरण के प्रति संवेदनशीलता और विकसित भारत के संकल्प को एक साथ प्रदर्शित करते हुए कार्यक्रम को भव्य एवं यादगार बना दिया। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी बाल गोविन्द शुक्ला, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी शिवम पाण्डेय, जिला विद्यालय निरीक्षक अंशुमान, जिला सूचना अधिकारी अनिल कुमार सिंह, एवं संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।










