मिशन सेफ फ्यूचर 2.0 के तहत स्कूल वाहन चालकों की हुई स्वास्थ्य व नेत्र जांच 63 चालकों एवं परिचालकों का हुआ स्वास्थ्य परीक्षण,

बहराइच 29 अगस्त। बच्चों की सुरक्षित यात्रा सुनिश्चित करने और स्कूली वाहनों के संचालन को और अधिक सुरक्षित एवं व्यवस्थित बनाने के उद्देश्य से परिवहन विभाग की ओर से चलाए जा रहे मिशन सेफ फ्यूचर 2.0 अभियान के तहत शनिवार को गुरु कृपा डिवाइन ग्रेस पब्लिक स्कूल में स्कूल वाहन चालकों एवं परिचालकों के लिए स्वास्थ्य एवं नेत्र परीक्षण शिविर का आयोजन किया गया। शिविर के दौरान 63 स्कूल वाहन चालकों एवं परिचालकों का स्वास्थ्य एवं नेत्र परीक्षण किया गया। शिविर में स्वास्थ्य विशेषज्ञों एवं संबंधित विभागीय कर्मियों ने चालकों की सामान्य स्वास्थ्य स्थिति के साथ-साथ उनकी दृष्टि की भी जांच की, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि बच्चों को लेकर सड़क पर चलने वाले चालक शारीरिक एवं दृष्टि की दृष्टि से वाहन संचालन के लिए सक्षम हों। इस अवसर पर एआरटीओ सुशील कुमार ने स्कूल वाहन चालकों एवं परिचालकों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करते हुए कहा कि स्कूली बच्चों की सुरक्षा सभी की सर्वाेच्च जिम्मेदारी है। वाहन चलाते समय यातायात नियमों का पूरी तरह पालन किया जाए तथा निर्धारित गति सीमा में ही वाहन संचालित किए जाएं। उन्होंने चालकों को वाहन चलाते समय मोबाइल फोन का प्रयोग नहीं करने, नशे की हालत में वाहन न चलाने, सीट बेल्ट का प्रयोग करने तथा बच्चों को वाहन में सुरक्षित तरीके से बैठाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि स्कूल वाहनों में बच्चों की सुरक्षा को लेकर किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। वाहन चालक सड़क पर स्वयं की सुरक्षा के साथ-साथ वाहन में बैठे मासूम बच्चों की सुरक्षा के लिए भी जिम्मेदार हैं। इसलिए वाहन की फिटनेस, चालक की दक्षता, स्वास्थ्य एवं नेत्र परीक्षण तथा यातायात नियमों का पालन बेहद आवश्यक है। शिविर के दौरान अधिकारियों ने चालकों को सड़क सुरक्षा के विभिन्न पहलुओं की जानकारी देते हुए दुर्घटनाओं से बचाव के लिए आवश्यक सावधानियों के बारे में भी बताया। चालकों से अपील की गई कि वे वाहन चलाते समय धैर्य एवं सावधानी बरतें और बच्चों को सुरक्षित उनके गंतव्य तक पहुंचाने को अपनी प्राथमिक जिम्मेदारी समझें। एआरटीओ श्री कुमार ने बताया कि मिशन सेफ फ्यूचर 2.0 के तहत स्कूली वाहनों की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के साथ-साथ वाहन चालकों को जागरूक किया जा रहा है, जिससे सड़क दुर्घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सके और विद्यालय आने-जाने वाले बच्चों को सुरक्षित परिवहन सुविधा उपलब्ध हो। कार्यक्रम में क्षेत्राधिकारी यातायात राज सिंह, स्वास्थ्य विभाग के एओ सै. मकबूल हैदर जाफरी, अरुण यादव, अब्दुर्रहीम सहित परिवहन, यातायात एवं स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।

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