दतिया /स्वामित्व सर्वे में छूटे और गलत दर्ज नामों में होगा सुधार, प्रशासन ने दिए निर्देश

दतिया। कलेक्टर श्री स्वप्निल वानखेड़े जी ने स्वामित्व सर्वे से जुड़े लोगों के लिए राहत की खबर सामने आई है। सर्वे के दौरान जिन लोगों के नाम किसी कारणवश छूट गए हैं या जिनके नाम रिकॉर्ड में गलत तरीके से दर्ज हो गए हैं, उनके रिकॉर्ड में नियमानुसार सुधार की प्रक्रिया की जाएगी। इस संबंध में प्रशासन की ओर से संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
स्वामित्व सर्वे का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में संपत्तियों से संबंधित रिकॉर्ड को व्यवस्थित और स्पष्ट करना है। ऐसे में सर्वे के दौरान किसी पात्र व्यक्ति का नाम छूट जाना अथवा नाम, विवरण या अन्य जानकारी गलत दर्ज हो जाना लोगों के लिए परेशानी का कारण बन सकता है। इसी को देखते हुए अब ऐसे मामलों की जांच कर रिकॉर्ड को सही करने की प्रक्रिया पर जोर दिया जा रहा है।
दस्तावेजों के आधार पर होगी जांच
अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि जिन मामलों में रिकॉर्ड में गलती या नाम छूटने की शिकायत सामने आती है, वहां उपलब्ध दस्तावेजों और संबंधित रिकॉर्ड का परीक्षण किया जाए। जांच के बाद पात्रता एवं वास्तविक स्थिति के आधार पर नियमानुसार सुधार की कार्रवाई की जाएगी।
लोगों को मिल सकती है राहत
स्वामित्व सर्वे में नाम नहीं होने या गलत दर्ज होने के कारण कई लोगों को अपनी संपत्ति से जुड़े रिकॉर्ड को लेकर परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। रिकॉर्ड में सुधार की प्रक्रिया शुरू होने से ऐसे लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है। प्रशासन की ओर से संबंधित मामलों को गंभीरता से लेते हुए आवश्यक दस्तावेजों के आधार पर कार्रवाई करने पर जोर दिया गया है।
रिकॉर्ड दुरुस्त करने पर जोर
प्रशासन का कहना है कि राजस्व रिकॉर्ड में सही जानकारी दर्ज होना बेहद महत्वपूर्ण है। इसलिए सर्वे से संबंधित मामलों में लापरवाही न बरतते हुए रिकॉर्ड की जांच और आवश्यक सुधार की प्रक्रिया नियमानुसार पूरी की जाएगी। अधिकारियों को प्राप्त शिकायतों और प्रकरणों का परीक्षण कर उचित कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रशासन के इस कदम से स्वामित्व सर्वे में छूटे नामों और गलत दर्ज विवरण से प्रभावित लोगों को अपने रिकॉर्ड को दुरुस्त कराने का रास्ता मिलने की उम्मीद है।

वृंदावन में प्रेमानंद जी महाराज के शिष्य की संदिग्ध मृत्यु का रहस्य उजागर करने में सहयोग कर सकता है पण्डोखर सरकार का दिव्य दरबार : श्री गुरुशरण जी महाराज

संत गणेश प्रसाद वर्णी की 152वीं जयंती पर हुआ भव्य आयोजन, संस्कृत शिक्षा के संरक्षण का लिया संकल्प








